गुरु - मंगल हैं एक साथ - कैसे रहेंगे आपके लिए | Future Point

गुरु - मंगल हैं एक साथ - कैसे रहेंगे आपके लिए

By : Future Point
Expert Review : Dr. Arun Bansal, Vedic Astrologer | 45+ Years Experience
Published : 11-Dec-2017गुरु - मंगल हैं एक साथ - कैसे रहेंगे आपके लिए

ज्योतिष में मंगल ग्रह को हिम्मत, शक्ति, पराक्रम, उत्साह, बल भूमि, भाई, मज्जा, अग्नि, विद्युत, हथियार, वाद-विवाद क्रोध, अहम, तांबा आदि मंगल के कारकत्व में आते हैं और अपने इन्हीं कारकत्वों के कारण मंगल हमारे जीवन के विभिन्न पहलुओं को नियंत्रित करते हैं जैसे- हमारा स्वभाव, स्वास्थ्य, करियर, विवाह आदि। मंगल और स्वभाव मंगल को पराक्रम और साहस का कारक माना गया है। इसके अलावा मंगल हमारे शरीर में रक्त, पित्त की थैली, मांसपेशी आदि को नियंत्रित करता है। यदि कुंडली में मंगल पीड़ित हो तो व्यक्ति को रक्त की कमी या रक्त संबंधी समस्याएं रहती हैं, एसिडिटी, हाई बी. पी. और मांसपेशियों से जुड़ी समस्याएं रहती हैं। दूसरी ओर गुरु ग्रह को ज्योतिष में मुख्य रूप से आध्यात्मिकता को विकसित करने वाला ग्रह कहा गया है। साथ ही गुरु तीर्थ स्थानों तथा मंदिरों, पवित्र नदियों तथा धार्मिक क्रिया कलाप से जुडे हैं। गुरु ग्रह को अध्यापकों, ज्योतिषियों, दार्शनिकों, लेखकों जैसे कई प्रकार के क्षेत्रों में कार्य करने का कारक माना जाता है। गुरु की अन्य कारक वस्तुओं में पुत्र संतान, जीवन साथी, धन-सम्पति, शैक्षिक गुरु, बुद्धिमता, शिक्षा, ज्योतिष तर्क, शिल्पज्ञान, अच्छे गुण, श्रद्धा, त्याग, समृ्द्धि, धर्म, विश्वास, धार्मिक कार्यो, राजसिक सम्मान देखा जा सकता है।

30 नवम्बर 2017 से गुरु-मंगल शुक्र की तुला राशि में युति संबंध में है। गुरु ज्ञान और मंगल तकनीकी क्षेत्र के कारक ग्रह है। मंगल के साथ गुरु के मिलने से ज्ञान के विस्तार की कला आ जाती है। गुरु-मंगल दोनों में मित्रवत संबंध है। अग्नि, शस्त्र विज्ञान और तकनीकी क्षेत्र में शिक्षा, अध्ययन कर रहे छात्र वर्ग के लिए यह ग्रह युति विशेष प्रभावशाली साबित होगी। यह ग्रह युति 17 जनवरी 2018 तक रहने वाली है, अत: इस अवधि तक इसके फल प्राप्त होंगे। विभिन्न राशियों के लिए इस ग्रह संबंध के फल किस प्रकार के रहने वाले है। इसकी जानकारी आपको इस आलेख में दी जा रही हैं-

मेष - नौकरी के कार्य सहजता से पूरे होंगे। कार्यों का विस्तार होगा, भौतिक सुख-साधनों पर खर्च पहले से अधिक रहेंगे।

वृष - व्यापारियों के लिए और साहसपूर्ण क्षेत्रों में बिजनेस कर रहे व्यक्तियों के लिए समय की विशेष शुभता रहेगी। शैक्षिक कार्य सफल रहेंगे। आय में बढ़ोतरी के योग हैं। धर्म-कर्म में रुचि बढ़ेगी।

मिथुन - जीवन साथी के साथ रिश्तों को सुखमय बनाए रखने का प्रयास करना होगा। नौकरी में बदलाव के प्रयासों में सफलता प्राप्त होगी।

कर्क - सामाजिक जीवन से जुड़ना होगा। मेहनत के अनुरुप फल प्राप्त न होने पर निराशा से बचना होगा।

सिंह - आथिक क्षेत्रों का विस्तार होगा। रुके हुए कार्यों को पूरा करने के लिए समय की अनुकूलता बनी हुई है।

कन्या - दीर्घकालिन धन विनियोजन के कार्यों को लंबित करना होगा। आत्मविश्वास व सम्मान में बढ़ोतरी होगी।

तुला - सेहत में उतार-चढ़ाव रहेगा। धर्म कार्य में श्रद्धा बढ़ेगी। मानसिक परेशानियां बढ़ेंगी। विरोधी परेशान करेंगे।

वृश्चिक - कार्यक्षेत्र में सफलता से खुश रहेंगे। आत्मबल बढ़ेगा। विरोधी शांत होंगे। स्वजनों का सहयोग मिलेगा।

धनु - वाहन सुख का विस्तार होगा। पूर्व निर्धारित कार्यों में सफल रहेंगे। अध्ययन में रुचि बढ़ेगी।

मकर - व्यवसायिक मंदी रहेगी। शिक्षा में व्यवधान आएंगे। भविष्य की चिंता सताएगी। मित्रों का सहयोग मिलेगा। जीवनशैली असहज रहेगी।

कुंभ - अधिकारीगण प्रसन्न रहेंगे। कार्यक्षेत्र में प्रभाव बढ़ेगा। प्रभावशाली व्यक्ति का सानिध्य प्राप्त होगा।

मीन - मानसिक तनाव बढ़ेगा। आर्थिक क्षेत्र में परेशानी आएगी। आध्यत्मिकता बढ़ेगी। धार्मिक यात्रा के योग।